सऊदी अरब और कतर के बीच क्षेत्रीय संपर्क (connectivity) को बढ़ाने के लिए एक ऐतिहासिक कदम उठाया गया है। सऊदी कैबिनेट ने रियाद और दोहा को जोड़ने वाली हाई-स्पीड इलेक्ट्रिक रेल परियोजना के समझौते को मंजूरी दे दी है। मुख्य विवरण: सफर का समय: वर्तमान में रियाद से दोहा की दूरी तय करने में काफी समय लगता है, लेकिन 300 किमी/घंटा की रफ्तार वाली इस बुलेट ट्रेन से यह सफर सिमटकर केवल 2 घंटे का रह जाएगा। रूट और स्टेशन: यह रेल लाइन लगभग 785 किमी लंबी होगी। यह रियाद से शुरू होकर अल-हफूफ और दम्माम जैसे प्रमुख स्टेशनों से गुजरेगी और सऊदी अरब के किंग सलमान अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को कतर के हमाद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से जोड़ेगी। आर्थिक लाभ: इस प्रोजेक्ट से दोनों देशों की जीडीपी में लगभग 115 अरब रियाल (करीब 2.5 लाख करोड़ रुपये से अधिक) का राजस्व जुड़ने का अनुमान है। साथ ही, इससे 30,000 से ज्यादा प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार पैदा होंगे। पर्यटन को बढ़ावा: उम्मीद है कि सालाना 1 करोड़ से ज्यादा यात्री इस सेवा का लाभ उठाएंगे, जिससे दोनों देशों के बीच पर्यटन और व्यापार को जबरदस्त मजबूती मिलेगी। समय सीमा: इस हाई-स्पीड रेल प्रोजेक्ट को पूरा होने में लगभग 6 साल का समय लगेगा। महत्व:सऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान और कतर के अमीर शेख तमीम बिन हमद अल थानी की मौजूदगी में इस समझौते पर हस्ताक्षर किए गए। यह प्रोजेक्ट न केवल यात्रा को सुगम बनाएगा, बल्कि कार्बन उत्सर्जन कम करने और खाड़ी देशों (GCC) के बीच स्मार्ट मोबिलिटी को बढ़ावा देने की दिशा में एक बड़ा मील का पत्थर साबित होगा। FacebookShare on XLinkedInWhatsAppEmailCopy Link Post navigation सिंधु जल समझौते पर तकरार: भारत ने चेनाब नदी पर ‘सवलकोट परियोजना’ को दी रफ्तार, पाकिस्तान परेशान उत्तर कोरिया की अगली शासक बन सकती हैं किम जू ऐ: तानाशाह किम जोंग उन ने बेटी को ‘उत्तराधिकारी’ के रूप में किया नियुक्त