नई दिल्ली: नेटफ्लिक्स की वेब सीरीज़ घूसखोर पंडित रिलीज़ से पहले ही विवादों में घिर गई है। बीएसपी सुप्रीमो मायावती ने इस पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने एक्स (पूर्व ट्विटर) पर लिखा कि “यह बड़े दुख व चिन्ता की बात है कि अब फिल्मों में भी ‘पंडित’ को घुसपैठिया बताकर अपमानित किया जा रहा है। इससे पूरे ब्राह्मण समाज में ज़बरदस्त रोष है। बीएसपी इसकी कड़े शब्दों में निन्दा करती है और केन्द्र सरकार से मांग करती है कि ऐसी जातिसूचक फिल्म पर तुरन्त प्रतिबन्ध लगाया जाए।” विवाद और विरोध भोपाल में ब्राह्मण समाज के लोगों ने सीरीज़ पर बैन लगाने की मांग करते हुए प्रदर्शन किया। लखनऊ के हजरतगंज थाने में डायरेक्टर और टीम के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। आरोप है कि सीरीज़ समाज में सौहार्द बिगाड़ने और जातिगत भावनाओं को आहत करने का प्रयास करती है। कांग्रेस प्रवक्ता सुरेंद्र राजपूत ने भी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि “कला जरूरी है लेकिन किसी की भावनाएं आहत करके नहीं।” साथ ही उन्होंने नाम बदलने की मांग की। प्रशासनिक कार्रवाई SHO हजरतगंज विक्रम सिंह ने बताया कि सीएम योगी आदित्यनाथ के निर्देश हैं कि सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने और धार्मिक/जातिगत भावनाओं को आहत करने के प्रयासों पर सख्त कार्रवाई हो। इसी आधार पर पुलिस ने स्वतः संज्ञान लेकर एफआईआर दर्ज की है। निष्कर्ष घूसखोर पंडित का टाइटल ही अब राजनीतिक और सामाजिक विवाद का कारण बन गया है। एक ओर ब्राह्मण समाज और बीएसपी इसे अपमानजनक मान रहे हैं, वहीं कांग्रेस संवाद के जरिए समाधान की बात कर रही है। मामला अब सेंसर और सरकार के स्तर पर बड़े फैसले की ओर बढ़ सकता है। FacebookShare on XLinkedInWhatsAppEmailCopy Link Post navigation आयुष्मान भारत योजना: किन बीमारियों का इलाज नहीं होता, जानें जरूरी बातें लखनऊ में घूसखोर पंडित वेब सीरीज़ पर FIR