पूर्णिया/अररिया: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बिहार के संवेदनशील सीमांचल क्षेत्र (अररिया, पूर्णिया, किशनगंज और कटिहार) के अपने तीन दिवसीय दौरे के पहले दिन घुसपैठ के खिलाफ निर्णायक युद्ध का बिगुल फूंक दिया है। आगामी पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों से ठीक पहले शाह ने स्पष्ट संदेश दिया कि मोदी सरकार भारतीय मिट्टी से हर एक घुसपैठिये को निकालने के लिए पूरी तरह संकल्पित है। ‘सिर्फ वोटर लिस्ट से नाम काटना काफी नहीं’अररिया में एक जनसभा को संबोधित करते हुए अमित शाह ने कहा, “घुसपैठियों से मुक्ति का मतलब सिर्फ मतदाता सूची से उनका नाम हटाना नहीं है। हम भारतीय धरती से एक-एक घुसपैठिये को बाहर निकालने के लिए एक बड़ा कार्यक्रम लागू करने जा रहे हैं। इसकी शुरुआत जल्द ही पूरे सीमांचल क्षेत्र से होगी।” SIR बनाम ‘छद्म NRC’ पर मचा घमासानकेंद्र सरकार सीमावर्ती जिलों में मतदाता सूची के विशेष गहन संशोधन (SIR) की तैयारी कर रही है ताकि अवैध प्रवासियों की पहचान की जा सके। इस कदम ने केंद्र और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के बीच टकराव को तेज कर दिया है। जहाँ ममता बनर्जी ने इसे “NRC इन डिस्गाइस” (छद्म NRC) करार दिया है, वहीं केंद्र का तर्क है कि चुनाव की शुचिता और सीमा सुरक्षा के लिए यह अनिवार्य है। सुरक्षा अधिकारियों के साथ हाई-लेवल मीटिंगगृह मंत्री ने सात सीमावर्ती जिलों के जिलाधिकारियों और पुलिस कप्तानों के साथ बंद कमरे में बैठक की। इस बैठक का मुख्य एजेंडा घुसपैठ के गलियारों, दस्तावेजों के फर्जीवाड़े और सीमा पार तस्करी के नेटवर्क को ध्वस्त करना था। सुरक्षा एजेंसियों का मानना है कि घुसपैठिये बिहार के रास्ते भारत में प्रवेश कर बंगाल के मालदा, मुर्शिदाबाद और उत्तर दिनाजपुर जैसे जिलों में बस जाते हैं। ‘चिकन नेक’ की सुरक्षा पर फोकससामरिक दृष्टि से यह क्षेत्र भारत के लिए बेहद महत्वपूर्ण है क्योंकि यह ‘चिकन नेक’ (सिलीगुड़ी कॉरिडोर) के करीब है, जो शेष भारत को पूर्वोत्तर राज्यों से जोड़ता है। इस इलाके में हो रहे जनसांख्यिकीय बदलाव को सुरक्षा सलाहकार एक बड़े खतरे के रूप में देख रहे हैं। अमित शाह का यह दौरा असम और त्रिपुरा के बाद पूर्वी सीमा सुरक्षा को एक सूत्र में पिरोने की केंद्र की बड़ी रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है। FacebookShare on XLinkedInWhatsAppEmailCopy Link Post navigation चाबहार बंदरगाह के लिए बजट में फंड नहीं: ईरानी विदेश मंत्री ने जताई निराशा, कहा- ‘यह सुनहरा प्रवेश द्वार है’ “एलियंस का रहस्य अब नहीं रहेगा राज”: राष्ट्रपति ट्रंप का बड़ा आदेश, पेंटागन खोलेगा यूएफओ (UFO) की टॉप-सीक्रेट फाइलें